PMC बैंक के बाद अब J&K बैंक को लेकर आई बड़ी खबर, ACB ने देश के 16 ठिखानो पर मारी रेड

देश में चल रही आर्थिक मंदी को लेकर आये दिन बड़े-बड़े कारखाने और कंपनियों के बंद होने की खबरे आ रही है| जहा कई कंपनियां कर्ज़े में डूब रही हैं तो वही कई फ्रॉड कर भाग रही है| पिछले कुछ दिनों से देश के कई बैंक फ्रॉड का शिकार होते नज़र आये हैं जिसके चलते उन्हें काफी नुक्सान का सामना करना पड़ा तो कई बैंक खुद ही भ्रष्टाचा’र में शामिल पाए गए हैं| देश के कई बैंकों पर जांच चल रही है, इन्ही जांच के चलते देश के एक और बैंक घोटा’ले की खबर सामने आयी है जिसके बाद ACB ने देश के 16 अलग अलग ठिकानों पर छा’पा मा’र जांच शुरू कर दी है|

जानकारी के मुताबिक़ बता दें कि जम्मू-कश्मीर बैंक (Jammu And Kashmir Bank) से 1100 करोड़ रुपये की कथित लोन धोखाधड़ी (Loan Fraud) का मामला सामने आया है जिसके चलते ACB की स्पेशल टीम जांच कर रही है|

अधिकारियों ने जानकारी देते हुए बताया कि लोन धोखाधड़ी (Loan Fraud) के मामले में एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने प्राथमिकी दर्ज की है| साथ ही उन्होंने बताया कि इस लोन की राशि बैंक द्वारा राइस एक्सपोर्ट्स इंडिया (REI) एग्रो लिमिटेड को दी गई थी|

इसी के चलते एसीबी के एक प्रवक्ता ने यहां एक बयान में कहा कि प्राथमिकी दर्ज होने के तुरंत बाद, विभिन्न टीमों ने बैंक के पूर्व अध्यक्ष मुश्ताक अहमद शेख समेत 12 से अधिक आरोपी बैंक अधिकारियों के कश्मीर, जम्मू और दिल्ली स्थित घरों पर छापेमारी की है| इनमें कश्मीर में 9, जम्मू में 4 और दिल्ली में 3 ठिकाने शामिल हैं|

साथ ही एसीबी प्रवक्ता ने आगे बताया कि आरईआई एग्रो के अध्यक्ष संजय झुनझुनवाला और उपाध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक संदीप झुनझुनवाला के दिल्ली स्थित घरों में भी छापेमारी की गई| उन्होंने कहा कि मामले की जांच जारी है और तीन टीमें राष्ट्रीय राजधानी में छापेमारी कर रही हैं|

जानकारी के मुताबिक प्रारंभिक जांच में खुलासा हुआ कि बैंक की महिम मुंबई व अंसल प्लाजा नई दिल्ली शाखा के अधिकारियों ने फर्जी दस्तावेजों के आधार पर मैसर्स आरईआइ एग्रो लिमिटेड को वर्ष 2011 से 2013 के बीच 800 करोड़ रुपये का लोन दिया था|

बताया जा रहा है कि यह लोन मंजूर करते समय बैंक द्वारा निर्धारित तमाम नियमों की अनदेखी की गई और बैंक खाता वर्ष 2014 में एनपीए हो गया| वहीँ दूसरी ओर कंपनी ने अपना मुख्यालय कोलकाता और कॉरपोरेटर आफिस दिल्ली में बताया और लोन के लिए मुंबई महिम शाखा से संपर्क किया, जबकि मुंबई में उसका कोई कार्यालय नहीं था|

इसी मिलीभगत से महिम मुंबई शाखा ने 550 करोड़ रुपये का लोन मंजूर किया| वहीँ इसी तरह से कंपनी ने बैंक की वसंत विहार अंसल प्लाजा शाखा से 139 करोड़ रुपये का लोन मंजूर करवाया था|

जानकारी के लिए बता दें कि जून महीने में जम्मू-कश्मीर सरकार ने जम्मू एंड कश्मीर बैंक के चेयरमैन परवेज अहमद को हटा दिया था जबकि अहमद को 2016 में ही बैंक का चेयरमैन बनाया गया था| परवेज अहमद को जम्मू-कश्मीर बैंक के अध्यक्ष पद से हटाए जाने के तुरंत बाद राज्य के विजिलेंस ब्यूरो ने शनिवार को श्रीनगर में बैंक के मुख्यालय पर छापेमारी कर दी थी|

साथ ही अधिकारियों ने बताया कि विजिलेंस ब्यूरो करीब 1200 नियुक्तियों के रिकॉर्ड को देख रहा था, ये नियुक्तियां राज्य की पूर्ववर्ती पीडीपी- भाजपा सरकार के राजनीतिक आकाओं के कहने पर अहमद के कार्यकाल के दौरान कथित तौर पर की गई थीं|

साभार: #News18InHindi