Breaking News: नागरिकता बिल पर बवाल के बीच मध्यप्रदेश सहित इन 6 राज्यों में नहीं लागू होगा नागरिकता संशोधन विधेयक

मध्यप्रदेश: नागरिकता संशोधन विधेयक को लेकर देश भर में बबा’ल मचा हुआ है विपक्षी पार्टियों की तरफ से लगातार विरोध किया जा रहा है। साथ ही पूर्वोत्तर भारत में भी इसको लेकर भारी विरोध प्रदर्श’न जारी है। नागरिकता संशोधन बिल के विरो’ध के बीच एक बड़ी ख़बर सामने आई हैं। ये खबर मध्यप्रदेश से जहां नागरिकता संशोधन बिल को लागू नहीं किया जाएगा। बता दे कि मुख्यमंत्री कमलनाथ ने बयान दिया हैं प्रदेश में नागरिकता संशोधन बिल लागू नहीं होगा।

बता दें बुधवार को राज्यसभा में नागरिकता संशोधन विधेयक को असंवैधानिक करार देते हुए कांग्रेस ने कहा कि इस बिल को संसद में पास होने पर सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी जाएगी। कांग्रेस ने कहा कि सांसद जनता के चुने हुए प्रतिनिधि होते हैं और उनकी यह जिम्मेदारी है कि उन्हें उसी विधेयक को पारित करना चाहिए जो संवैधानिक हो।

नागरिकता संशोधन विधेयक को इन 6 राज्यों में हरी झंडी देने से इनकार

मालूम हो कि नागरिकता संशोधन बिल लोकसभा में पास हो जाने के बाद राजयसभा में भी पास हो चूका हैं। यहां तक की इस बिल को राष्ट्रपति से भी मंज़ूरी मिल गई हैं। अब ये कानून बन गया हैं। यानी अब नागरिकता संशोधन एक्ट 2019 लागू होना है और इसको लेकर कांग्रेस शासित मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ दोनों राज्यों के मुख्यमंत्रियों ने कहा है कि वे इस बिल को लेकर उनकी पार्टी के रुख का समर्थन करते हैं।

नागरिकता संशोधन बिल को लेकर अब तक छह राज्यों के सीएम इसे बिल को राज्य में नहीं लागू करने की बात कह चुके हैं। जिसमे मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ ने कहा है कि नागरिकता संशोधन विधेयक को लेकर कांग्रेस पार्टी ने जो भी रुख अपनाया है, हम उसका पालन करेंगे। उन्होंने कहा कि क्या हम उस प्रक्रिया का हिस्सा बनना चाहते हैं जो विभाजन का बीज बोती है?

वही छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने भी नागरिकता संशोधन विधेयक को लेकर कहा की हमारा रुख कांग्रेस पार्टी द्वारा लिए गए फैसले से बिल्कुल भी अलग नहीं है। हमारा रुख भी उनके जैसा ही है। हम इस बिल का विरो’ध करते हैं। और छत्तीसगढ़ में इसे लागु नहीं करेंगे।

जब (CAB) को लेकर महाराष्ट्र सरकार के मंत्री और कांग्रेस नेता बालासाहेब थोराट से पूछा गया कि क्या महाराष्ट्र सरकार नागरिकता संशोधन अधिनियम को राज्य में लागू करेगी, तो उन्होंने इसके जबाव में कहा कि हम अपनी पार्टी के केंद्रीय नेतृत्व की नीति का पालन करेंगे।

बता दें इससे पहले पश्चिम बंगाल, पंजाब और केरल सरकार भी नागरिकता संशोधन अधिनियम को राज्य में लागू नहीं करने का एलान कर चुके हैं। इस तरह से अब ये कानून देश के इन छह राज्यों में लागू नहीं होगा।

हलाकि बंगाल की सीएम ममता बनर्जी शुरुआत से ही इस बिल के विरो’ध में रही हैं और किसी भी हाल में इसे राज्य में लागू नहीं करने की बात कह चुकी हैं। वही पंजाब के सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह और केरल के सीएम पिन’रई विजयन भी इसपर अपना विरो’ध जता चुके हैं।