अब इस कॉलेज में मुस्लि’म छात्राओं के बुर्का पहनकर आने पर लगाई पावं’दी

देशभर में उठ रही जातीवाद की आ’ग अब स्कूल और कॉलेजों तक पहुँच गयी है कहीं इस आ’ग को भड़का’ने के लिए शिक्षा दी जा रही है तो कहीं इस आ’ग के चलते लोगों को परेशान किया जा रहा है| आये दिन हम सुनते रहते हैं कि मुस्लि’म छात्रों को परेशान किया या मुस्लि’म छात्राओं को रोका गया या उनके बुर्क़े को लेकर सवाल उठाये गए| फिरोजाबाद के एक डिग्री कॉलेज से बुर्क़े को लेकर ऐसा ही एक और मामला सामने आया| फिरोजाबाद के इस डिग्री कॉलेज में अब बुर्का पहनकर आने वाली मुस्लि’म छात्राओं पर रोक लगा दी गई है|

खबर के मुताबिक शुक्रवार को कॉलेज में छात्रों के दो गुटों के बीच किसी बात को लेकर झग’ड़ा हो गया जिसके बाद कॉलेज प्रशासन ने यह कदम उठाया कि कॉलेज में जो छात्राएं बुर्का पहनकर पहुंची उन्हें ड्रेस कोड का हवाला देकर बैरं’ग लौ’टा दिया जाए| बता दें कि बिना पड़े घर लौटने के डर से कई छात्राओं ने अपना बुर्का उतारा तब कहीं जाकर उन्हें कॉलेज में एंट्री मिल सकी|

छात्रों के दो गुटों के बीच हुई मारपी’ट की यह तस्वीर फिरोजाबाद के एसआर के डिग्री कॉलेज की है| जहां एक बहस को लेकर शनिवार को इस कॉलेज के छात्रों के दो गु’ट आमने सामने आ गए और देखते ही देखते बहस मारपी’ट में बदल गयी| कॉलेज प्रशासन ने इसके खिला’फ एक्शन लेते हुए बुर्का पहने आयीं छात्राओं को वापस लौटा दिया और वहाँ पर पुलिस कि भी तैनाती करवा दी गयी|

मुस्लि’म समुदाय के प्रति नफरत की यह कोई पहेली घट’ना नहीं है इससे पहले भी ऐसे कई सारे स्कूल कॉलेजों में हो चुका है| इसी के साथ एक और कॉलेज का मामला सामने आया है जिसमे मुस्लि’म छात्राओं को बुर्का पहनकर आने पर रोक लगा दी गयी हैं|

यह मामला है केरल के एक कॉलेज का जिसमे एक सर्कुलर जारी कर कहा गया कि सोसायटी के किसी भी संस्थान के परिसर में बुर्का या चेहरे को ढकने वाला कोई अन्य परिधान पहनकर आना सख्त मना है। इसी के साथ इसमें लिखा हुआ है कि बुर्का पहनकर आने वाले विद्यार्थियों को कक्षा में नहीं बैठने दिया जाएगा। एमईएस के इस क्षेत्र में कई शैक्षणिक संस्थान चलते हैं और ड्रेस कोड मुस्लिम समुदाय के परंपराग’त पहनावे के विपरीत है।