90 लाख नौकरी गईं, हर सेक्टर बर्बादी की तरफ, लेकिन अमित शाह के बेटे की आय में 15 हजार गुना बढ़ोतरी, कैसे?

भारत की अर्थव्यवस्था में मंदी के बीच आर्थिक गतिविधियों में चौतरफा गिरावट आती जा रही है।जहां देश की सुस्त पड़ी अर्थव्यवस्था का हाल बताने वाला एक और नया आंकड़ा सामने आया है. देश की अर्थव्यवस्था के छह बुनियादी क्षेत्रों में ज़बरदस्त गिरावट देखी गई है. इसे 14 वर्षों की सबसे बड़ी गिरावट बताया जा रहा है. इस ख़बर के सामने आने के बाद कांग्रेस नेता राहुल गांधी और सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ वकील प्रशांत भूषण ने केंद्र की मोदी सरकार पर तंज कसा है।

गृह मंत्री अमित शाह के बेटे जय शाह की देश की अर्थव्यवस्था में मंदी के बीच आई बढ़ोतरी पर कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने तंज करते हुए उन्होंने ट्वीट किया राहुल गाँधी ने कहा कि अब इस खबर को कनपटी पर बंदू’क रखकर दबा दिया जाएगी। एक रिपोर्ट के मुताबाकि, जय शाह की आय में 15 हजार गुना की बढ़ोतरी हुई है।

शाह के बेटे जय शाह की संपत्ति में भारी बढ़ोतरी की ख़बर सामने आने के बाद सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ वकील प्रशांत भूषण ने भी मोदी सरकार पर ज़ोरदार कटाक्ष किया है। उन्होंने ट्विटर करते हुए लिखा, की 90 लाख नौकरियां घटने, अभूतपूर्व बेरोज़गारी, कोर सेक्टर के उत्पादन में 5% की कमी, बैंकों और एनबीएफसी की नाकामी उनके प्रमोटरों के पलायन के बीच एकमात्र कारोबार जो तेज़ी से बढ़ रहा है वह अंबानी/अडानी और जय अमितभाई शाह का है।

वही कांग्रेस पार्टी का कहना है कि जय शाह यह बताने में नाकाम रहे हैं कि उनकी कमाई का जरिया क्या है। अलग-अलग वक्त में अलग अलग बयान आते हैं। दिल्ली में कांग्रेस मुख्यालय में प्रेस से बात करते हुए पार्टी प्रवक्ता ने पवन खेड़ा ने कहा कि जब केंद्र की मोदी सरकार यह कहती है कि देश में आर्थिक मंदी नहीं, वह इस बात को ध्यान में रखकर कहती है कि जय शाह की कंपनी बेतहाशा कमाई कर रही है।

खेड़ा ने कहा कि जय शाह को देश के युवाओं और लोगों को यह बताना चाहिए कि उनकी कंपनी की कमाई में कुछ ही सालों में कई हजार गुना की बढ़ोतरी कैस हुई। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि अगर जय शाह यह बता दें तो देश के बाकी लोगों को भी फायदा हो जाएगा।

आपको बता दें कारवां मैगज़ीन ने जय शाह की कंपनी की संपत्ति में हुई बढ़ोतरी को लेकर एक रिपोर्ट जारी की है। इस रिपोर्ट के अनुसार, जय शाह की कंपनी कुसुम फिनसर्व की शुद्ध संपत्ति में 24.61 करोड़ रुपए का इज़ाफा हुआ है। इस कंपनी की अचल संपत्ति 22.73 करोड़ रुपए बढ़ी है तो वही चल संपत्ति में 33.05 करोड़ रुपए की बढ़ोतरी के साथ 116.37 करोड़ रुपए का मुनाफा हुआ है।

सबसे बड़ी बात कि जय शाह की कंपनी की बढ़ोतरी के ये आंकड़े लोकसभा चुनाव से पहले छुपाए। वित्त वर्ष 2017 और 2018 के लिए कुसुम फिनसर्व ने अपना विवरण दर्ज नहीं कराया। जबकि सभी एलएलपी कंपनियों को हर साल 30 अक्टूबर तक अपने खातों का विवरण दर्ज करना होता है। लेकिन कुसुम फिनसर्व कंपनी का चुनाव परिणाम आने के तकरीबन तीन महीने बाद अपलोड किया गया।