बड़ी खबर: CAA के नियमों में बदलाव को लेकर, केंद्र सरकार ने प्रदर्शनकारियों से माँगा सुझाव

नई दिल्लीः नागरिता संशोधन एक्ट (Citizenship Amendment Act) (CAA) और एनआरसी (NRC) के खिलाफ देश भर में हिं’सा भड़की हुई हैं। इसकी शुरुआत पूर्वोत्तर भारत के असम, त्र‍िपुरा, मेघालय से अलीगढ़ मुस्लि’म यूनिवर्सिटी, दिल्ली जामिया मिलिया इस्लामिया यूनिवर्सिटी के बाद देश भर के कई राज्यों भड़की हुई है। और इस हिं’सक प्रदर्शन के दौरान अभी तक उत्तर प्रदेश, दिल्ली, असम सहित देश भर में कई प्रदर्शनकारियों की मौ’तें हो चुकी है।

देश में नागरिकता संशोधन कानून को लेकर मचे बवाल के बीच गृह मंत्रालय से बड़ा बयान सामने आया है। आपको बता दें गृह मंत्रालय के जुड़े सूत्रों के अनुसार नागरिकता कानून के नियमों को बनाने की प्रक्रिया जारी है। हलाकि गृह मंत्रालय ने इस संबंध में प्रदर्शनकारियों से सुझाव माँगा है। अगर प्रदर्शनकारियों के पास कोई सुझाव है तो वो सरकार को दे सकते हैं।

नागरिता संशोधन एक्ट को लेकर गृह मंत्रालय से बड़ा बयान सामने आया है.

हलाकि गृह मंत्रालय का यह भी कहना है, की नागरिता संशोधन कानून सभी से चर्चा के बाद ही बनाया गया है। और मंत्रालय ने कहा है की एनआरसी पर अभी कुछ कहना जल्दबाजी होगा। वही हिं’सा और प्रदर्शन पर गृह मंत्रालय का कहना है कि मंगलौर और उत्तर प्रदेश के कई शहरों में हिं’सा जरूर हुई है, और स्थिति पूरी तरहे नियंत्रण में है।

आपको बता दें केंद्र सरकार के एक वरिष्ठ अधिकारी ने शुक्रवार को कहा नागरिकता संशोधन कानून (CAA) का विरोध करने वालों के पास अगर कोई सुझाव है तो सरकार उसे लेने को तैयार है। और हम नागरिकता संशोधन कानून को लेकर लोगों के संदेहों को विभिन्न तरीकों से दूर करने की कोशिश कर रहे हैं।

दरअसल Aaj Tak आज तक की खबर के अनुसार, लोकसभा में गृह मंत्री अमित शाह के बयान के बाद इस मुद्दे पर लोगों में बहुत दुविधा की स्थिति पैदा हो गई थी। और आज शुक्रवार को सोनिया गांधी ने भी इस पर एक बयान जारी किया था, जिसके बाद केंद्र सरकार की ओर से सफाई आई है।

वही गृह मंत्रालय ने यह भी कहा कि देश भर में कुछ अराजक त’त्व भी नागरिकता कानून के नाम पर लोगों को भड़’का रहे हैं। और जिन लोगो ने नागरिता संशोधन एक्ट (CAA) को लेकर कोर्ट में याचिका डाली है उन अर्जी देनेवालों को फैसले का इंतजार करना चाहिए।