VIDEO: नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ कांग्रेस ने राजघाट पर शुरू किया सत्याग्रह, प्रियंका बोली- ये सत्याग्रह मुहम्मद अनस के…

नई दिल्लीः नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ चल रहे विरोध प्रदर्शन में अब तक देशभर में 25 लोगों की मौ’त हो चुकी है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, उत्तर प्रदेश अकेले में 15 लोगों की मौ’त हुई है जिसमें एक आठ साल का बच्चा शामिल है. वहीं, असम में पांच लोगों की मौ’त हुई है जबकि मेंगलुरु में दो लोगों की मौ’त हुई है।

इंडियन एक्सप्रेस की खबर के अनुसार, अधिकारियों ने कहा कि इसके अलावा दो लोगो की फिरोजाबाद में सिर में लगी चोट से मौ’त हुई जबकि 8 वर्षीय बच्चे की भ’गद’ड़ के दौरान मौ’त हुई है।

नागरिकता संशोधन कानून को लेकर देश भर में मचे बवा’ल के बीच कांग्रेस ने राजघाट पर सत्याग्रह शुरू कर दिया है। इस सीएए के विरोध में कांग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी कांग्रेस नेता राहुल गांधी, पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह, कांग्रेस महसचिव प्रियंका गांधी व पूर्व रक्षा मंत्री एके एंटनी व अन्य वरिष्ठ नेता राजघाट पहुंच चुके हैं।

वही राहुल गांधी ने ट्वीट कर युवाओं से इस प्रदर्शन से जुड़ने की अपील की थी। उन्होंने कहा है की भारत के छात्रों और युवाओं, अब सिर्फ यही काफी नहीं कि आप भारत को महसूस करें। इस तरह के नाजुक समय में यह बताना जरूरी है कि आप खुद भारत हैं और इसे नफरत से तबाह नहीं होने देंगे।

कांग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी के नेतृत्व में संविधान बचाने की मांग करते हुए यह शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन शुरू किया गया है। पार्टी ने शनिवार को सोनिया गांधी के आवास पर हुई बैठक में शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन करने का फैसला लिया। वही दूसरी तरफ भाजपा ने कोलकाता में नागरिकता संशोधन कानून के समर्थन में कोलकाता में सड़क पर मार्च निकाला।

 

वही राजघाट से कांग्रेस महसचिव प्रियंका गांधी ने कहा की बिजनौर के 22 साल के बच्चे मुहम्मद अनस के नाम है जो अपने परिवार के लिए कॉफी की मशीन चलाकर पैसा कमाता था, जिसकी कुछ समय पहले ही शादी हुई थी, वहां के 21 साल के सुलेमान के नाम, जो यूपीएससी के लिए पढ़ाई कर रहा था, जिसकी मां ने कल शाम मुझसे कहा- मेरा बेटा वतन के लिए शहीद हुआ है।

उन्होंने आगे कहा, “उन सभी बच्चों के नाम जो इस आंदोलन में शहीद हुए हैं। आज हम सब उनके नाम संकल्प करें कि हम इस संविधान की रक्षा करेंगे, किसी भी हाल में हम हमारे संविधान को नष्ट नहीं होने देंगे। वही इस दौरान सोनिया गाँधी और राहुल गाँधी ने संविधान की प्रस्तावना पढ़ी।