अजमेर दरगाह पर आ’पत्तिजन’क टिप्पणी, मुसलमा’नों की भावनाएं आह’त करने के आरोप में महिला डॉक्टर गिरफ्तार

गुजरात के एक डॉक्टर का वीडियो बहुत ज़ोर से वायरल हो रहा है जिसमे डॉक्टर ने मुस्लि’म समाज और दरगह वली को लेकर काफी आ’पत्तिजन’क टिप्पणी करने का मामला सामने आया है| बता दें कि गोध’रा पुलिस ने गुरुवार की रात एक स्त्री रोग विशेष’ज्ञ को गिरफ्ता’र किया है। सुजात वली नाम के इस डॉक्टर पर दरगाहों पे आ’पत्तिजन’क टिप्पणी कर मुस’लमा’नों की भावना’एं आहत करने का आरोप है। बीते दिनों पहले इस डॉक्टर ने एक वीडियो शेयर किया था जिसके माध्यम से उसने लोगो को दरगाह और वली के खिला’फ टिप्प’णी की थी| जिसको लोगों ने सोशल मीडिया पर शेयर कर अपना विरो’ध प्रदर्श’न किया था|

बता दें कि डॉक्टर ने इस वीडियो में वली दरगाहों को झूठी मान्यताओं का अड्डा कहा था| डॉक्टर के ऊपर दरगा’हों पे आपत्तिजनक टिप्पणी कर मु’सलमा’नों की भावनाएं आहत करने का आरोप है। जिसके चलते उसे पुलिस ने गरफ्तार किया था| हालांकि गिरफ्तारी के बाद उन्हें शुक्रवार को जमानत पर रिहा कर दिया गया।

जांच अधिकारी एच.सी. रथवा ने बताया कि विडियो एविडेन्स के आधार पर हमने डॉक्टर वली को गि’रफ्ता’र किया और उसे अदालत में पेश भी किया लेकिन आज उन्हें जमानत पर रिहा कर दिया गया है। हालांकि डॉक्टर ने बाद में मा’फी मांगते हुए एक और वीडियो भी पोस्ट किया।

बता दें कि रविवार को वीडियो वायरल होने के बाद 100 से अधिक लोगों ने मार्च निकाला और वली के खिला’फ आवश्यक कार्रवाई करने के लिए पुलिस अधीक्षक को एक ज्ञापन सौंपा था। ज्ञापन में लोगों ने आरोप लगाया था कि वली ने पहले भी इसी तरह का कंटैं’ट अपलोड किया था। इस बार उसे दंडित किया ही जाना चाहिए ताकि वह दोबारा ऐसा न करे।

लोगों के इस ज्ञापन के बाद रविवार को पुलिस ने आईपीसी की धारा 295 ए किसी भी वर्ग के धर्म का अपमान करने के इरादे से पूजा स्थल को अपवित्र करना और आईपीसी 298 किसी भी व्यक्ति की धार्मिक भावनाओं को आहात करने के इरादे से जानबूझकर अपशब्दों का प्रयोग के तहत गिरफ्तार किया था।

जानकारी के मुताबिक़ आपको बता दें कि वली, खुद बोहरा समुदाय के सदस्य हैं। वली ने मु’स्लि’म समुदाय की भावनाओं को आहत करते हुए प्रसि’द्ध सू’फी संत ख्वाजा मोइनुद्दी’न चिश्ती की अजमेर दरगाह को अप’वि’त्र और अ’पमानि’त किया था।

साभारः #Jansatta