मुख्यमंत्री कमलनाथ द्वारा 15 साल बाद मध्य प्रदेश के पहले मुस्लिम मंत्री चुने गए, अकील जानिए इसके बारे में ?

मध्यप्रदेश विधानसभा चुनाव में जीत दर्ज करके के बाद कांग्रेस ने राज्य में सरकार का गठन कर लिया है. सूबे की कमान कमलनाथ को सौंफी गई है कमलनाथ ने 17 दिसंबर को शपथ गृहण की थी. इसके बाद अब उनका कैबिनेट भी तय हो चूका है, 28 विधायकों को राज्य की कमलनाथ सरकार में मंत्री बनाया गया है. प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने सभी को मंत्री पद की शपथ दिलाई. इस मंत्रिमंडल में पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के बेटे को भी शामिल किया गया हैं.

दिग्विजय के पुत्र जयवर्धन सिंह राधोगढ़ से दूसरी बार विधायक बने है. जयवर्धन सिंह कमलनाथ सरकार के सबसे युवा मंत्री है. वहीं इस मंत्रिमंडल में आरिफ अकिल को एक मुस्लिम चेहरे के तौर पर शामिल किया गया हैं. आरिफ पांचवी बार विधायक चुने गए है.

आरिफ के राजनैतिक सफर की शुरुआत छात्र नेता के तौर पर हुई थी वह एलएलबी के छात्र रहे हैं और इसी दौरान वह कांग्रेस के छात्र संगठन एनएसयूआई से जुड़े थे. जिसके बाद उन्होंने भोपाल उत्तर की सीट से चुनाव मैदान में उतरने का मन बनाया लेकिन उन्हें कांग्रेस से टिकट नहीं मिला.

लेकिन फिर वह निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में ही मैदान में उतर गए और १९९० के इस चुनाव में उन्होंने कांग्रेस उम्मीदवार को हराते हुए जीत दर्ज की. इसके बाद 1993 में उन्हें बीजेपी के रमेश चंद्र शर्मा से हार का सामना करना पड़ा जो उनकी पहली और आखिरी हार थी.

इसके बाद आरिफ अकील ने जितने भी चुनाव लड़े उन्हें सभी में जीत मिली. भोपाल नॉर्थ सीट से उन्होंने 1998, 2003, 2013 से लेकर 2018 तक लगातार जीत दर्ज की.अकिल ने साल २०१३ में मोदी और शिवराज लहर में भी जीत दर्ज की थी. इससे पहले वह दिग्विजय सरकार में गैस रहल मंत्री भी रह चुके हैं.

Posted by Arif Aqueel on Tuesday, December 25, 2018