पीएम मोदी जनसंख्या नियंत्रण वाले बयान के बाद शिवसेना ने मुस्लि’म समुदाय पर निशाना साधा

मुंबई: पीएम मोदी ने स्वतंत्रता दिवस के मौके पर देश में जनसंख्या नियंत्रण पर जोर दिए जाने के बाद शुक्रवार को बीजेपी के प्रमुख सहयोगी दल शिवसेना ने मुस्लि’म समुदाय पर निशाना साधा हलाकि कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पी चिदंबरम ने प्रधानमंत्री के इस रुख का स्वागत किया और कहा कि इसे जन आंदोलन बनना चाहिए। इसको लेकर शिवसेना ने भी प्रधानमंत्री द्वारा संबोधन में दिए गए संदेश का समर्थन किया।

वहीं ऑल इंडिया मजलिस ए इत्तेहादुल मुस्लि’मीन AIMIM के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री शासन के खारिज और दखल देने वाले विचारों के साथ आ रहे हैं शिवसेना के मुखपत्र सामना के संपादकीय में आरोप लगाया गया है कि अल्पसंख्यक समुदाय का एक तबका जन’संख्या वृ’द्धि पर अंकु’श लगाने का महत्व नहीं समझता है।

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शिवसेना ने कहा कि जम्मू-कश्मीर को विशेष दर्जा देने वाले अनुच्छेद 370 को हटा कर और मुस्लि’मों में तीन तलाक की प्रथा पर रोक के लिए कानून बनाकर, प्रधानमंत्री ने एक संदेश दिया था संपाद’कीय में कहा गया है कि इसलिए वह जनसं’ख्या विस्फो’ट के मुद्दे को हल करेंगे और एक राष्ट्र एक चुनाव अवधारणा को कार्यान्वित करेंगे।

वही संपादकीय में आरोप लगाया गया है की हालांकि क’ट्टरपं’थी मुस्लि’म जनसंख्या विस्फोट को लेकर चिंतित नहीं हैं और वे हम दो हमारे 25 बच्चे की मानसिकता से बाहर आने को तैयार नहीं हैं, शिवसेना सांसद और पार्टी प्रवक्ता संजय राउत ने मुंबई में संवाददाताओं से कहा हम खुश हैं कि मोदी सरकार शिवसेना की नीतियों को आगे बढ़ा रही है।

संजय राउत ने कहा की दिवंगत बाल ठाकरे भी हमेशा जनसंख्या नियंत्रण की जरूरत पर बल दिया करते थे उन्होंने कहा कि मोदी के नेतृत्व में राजग सरकार शिवसेना की नीतियों को अनुमोदित कर रही है। यह राष्ट्रीय हित में है।

राउत ने आगे कहा कि तीन तलाक कानून समान नागरिक संहिता की दिशा में उठाया गया कदम है शिवसेना अध्यक्ष उद्धव ठाकरे ने कहा कि राष्ट्रीय हित के मु’द्दों में धर्म को लाने की जरूरत नहीं है उन्होंने अनुच्छेद 370 के प्रावधानों को खत्म किये जाने के संदर्भ में कहा एक राज्य की केंद्र से अलग शक्तियां कैसे हो सकती हैं?

मोदी सरकार ने इसे हटा दिया चिदंबरम ने स्वतंत्रता दिवस पर लाल किले की प्राचीर से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा दिए गए संबोधन की तीन बातों का स्वागत किया जिनमें जनसंख्या नियंत्रण प्रमुख है।