झारखंड: तबरेज अंसारी मामले में छह आरो’पियों को मिली ज़मानत, इस वजह के चलते छोड़ा कोर्ट ने

पिछले छह महीनों पहले, झारखंड का सबसे चर्चित केस का नाम सुना होगा जिसमें तबरेज अंसारी युवक को सराय केरला कस्बे में चो’री करने के आरो’प के चलते इस युवक तबरेज अंसारी की भी’ड़ द्वारा पी’ट-पी’टकर ह$त्या कर दी गई थी. इस केस में पुलिस की भूमिका पर भी सवाल उठे थे. आपको बता दें कि इस मामले में सभी छह आरो’पियों को मंगलवार के दिन हाई कोर्ट ने जमानत दे दी है.

हाईकोर्ट ने तबरेज़ अंसारी के इन छह आरो’पीयों चामू नायक, महेश, भीमसेन मंडल, सत्यनारायण नायक, विक्रम मंडल और मदन नायक को 6 महीने बाद जमानत दे दी है. अधिवक्ता एके साहनी के अनुसार बताया गया है कि तबरेज अंसारी मामले में इनके नाम एफ आई आर दर्ज नहीं है, और न ही नामजद पप्पू मंडल ने पुलिस को दिए गए अपने बयान में इनका नाम लिया है.

Tabrez Ansari Police ke sath

तबरेज अंसारी के आरो’पियों की जमानत के बाद, सोशल मीडिया पर भी लोग काफी नाराज हैं. लेकिन यहाँ भावनाएं काम नहीं करतीं, कोर्ट का फैसला तथ्य और सबूतों के आधार पर होता है. सही सबूत पेश न करने की स्तिथि में आप कुछ नहीं कर सकते.

हालाँकि यह सभी लोग पिछले 6 महीने से जेल की सलाखों के पीछे थे, और अब जाकर उनको इस वजह के चलते ज़मानत मिल पाई है. इस केस में आरो’पियों के वकील ने जो दलील पेश की है वह हम आपको बता रहे हैं.

आरो’पियों के वकील ने बताया कि जून 2019 में चो’री करने के आरोप में तबरेज अंसारी को पुलिस ने गिरफ्तार किया था, जिसके बाद सीजेएम कोर्ट ने उसे जेल भेज दिया था. इसके बाद 22 जून को अचानक उसकी तबीयत खराब हुई और इलाज के दौरान सरायकेला के हॉस्पिटल में उसकी मौ#त हो गयी.

Tabrej Ansari Patni Shaista Parveen KE Sath

इस तरह से यह एक पुलिस हिरासत में हुई मौ#त का मामला है, इसी आधार पर इनको जमानत मिलनी चाहिए. हालांकि इस दौरान प्रतिभा’गी ने उनका इस तरह से जमानत पर विरोध भी किया, तो कहा कि जब तबरेज अंसारी से मा’रपी ट हो रही थी. तब इस घट’ना में सभी लोग शामिल थे और इस तरह से जजों ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद, इन छह आरो’पियों को जमानत पर बाहर कर दिया.

तबरेज अंसारी की पत्नी शाइस्ता परवीन ने, एफआईआर दर्ज कराई थी. जिसमें उसने आ’रोप लगाया था कि तबरेज अंसारी को भी’ड़ ने खंभे से बां’धक’र पी’टा था, और ज्यादा पी’टने की वजह से उसकी मौ’त हो गई थी. इसके बाद पुलिस ने सभी अभियु’क्तों को गिरफ्तार कर लिया था.

सोशल मीडिया में भी यह चर्चा का विषय है, क्योंकि जिस तरह से राजस्थान में अख़लाक़ के ह#त्या’रों के वीडियो फुटेज के सबूत होने के बावजूद भी, उसकी ह#त्या के सभी अभियुक्तों को बरी कर दिया गया था ठीक उसी राह पर ये भी केस जा रहा है.