तुर्की राष्ट्रपति एर्दोआन पर आया बड़ा संकट, हुकूमत छिनने के आसार

तुर्की की सत्ता में पिछले 16 साल से काबिज राष्ट्रपति रेसेप तय्यिप एर्दोगान की सत्ता अब मुश्किलों में पड़ती नजर आ रही हैं. तुर्की मौजूदा समय में भारी वित्तीय संकट झेल रहा है जिसके चलते अब एर्दोगान का सिंहासन खतरे में आने लगा है. इस हफ्ते के अंत में होने वाले स्थानीय चुनाव से पहले आ रहे सर्वेक्षणों ने सत्तारूढ़ एर्दोगान की पार्टी की नींदे उड़ दी है.

सर्वेक्षणों से ज़ाहिर हो रहा है कि सत्तारूढ़ एके पार्टी राजधानी अंकारा और संभवतः इस्तांबुल पर से भी अपना नियंत्रण खो सकती है. इस्तांबुल शहर को लेकर विकास के कई वादे किये गए थे. 2010 में एक वीडियो भी जारी किया गया था.

इसके मुलाबिक इस्तांबुल के फिकिरतेपे नाम के इस ज़िले को इस्तांबुल के चमचमाते विकास का ठिकाना बनाया जाएगा और जहां भव्य अपार्टमेंट, चमकदार शॉपिंग माल्स और स्पा का निर्माण किया जाएगा. इसी कल्पनाओं के साथ लोगों ने उन पर भरोसा जताया.

इसके बाद इस योजना के लिए इलाके में बसे हुए क़रीब 15 हज़ार लोगों के घरों को नष्ट कर दिया गया. इलाके के कई लोगों ने अपनी जिंदगी भर की जमापूंजी इलाके में विकसित होने वाले प्रोजेक्ट्स में लगा दी. लेकिन अब इलाके में गड्ढे नजर आते है तो किसी फ़ुटबॉल मैदान जितने बड़े हैं.

इलाके के यह गड्ढे 50 मीटर यानी क़रीब 165 फ़ीट की गहराई तक खुदे हुए हैं. चट्टानों के ढेर से मानो सतह बनी हुई हो. लेकिन यहां जीवन का अभाव है अब केवल सीगल जो एक तरह का जानवर वहीं दिखाई देता है जो गंदे पानी को पीकर जीवित रहते हैं.

दरअसल जैसे ही यह प्रोजेक्ट्स शुरू हुआ तुर्की के सामने वित्तीय संकट आ गया. जिसके चलते निवेशकों ने अपने क़दम खींच लिए. इसके बाद जिन बिल्डिंगों को बनाने की योजना थी उनमें से अधिकांश नहीं बन सकी. एक तरफ दिवालिया कंपनियां हैं और दूसरी तरफ हक्के बक्के लोग जिनसे किए हुए वादे चकनाचूर हो चुके हैं.

इसे लेकर इलाके की साठ साल की महिला ज़ेनेप डोज़गूनोलदू ने आंखों में आंसू के साथ ज़ेनेप अपना पुराना घर दिखाती हैं जो अंजीर के पेड़ के पीछे होता था. उन्होंने कहा कि लोग मेरे घर को खूबसूरत किचन वाला घर कहते थे. लेकिन अब रुकसाक बैग (पीठ पर लाद कर चलने वाला बैग) ही मेरा घर है.

फिरडेव्स उलउकाक का घर भी निर्माणाधीन साइट की खुदाई के चलते प्रभावित हुआ. लिहाजा वह अपना गुस्सा मौजूदा राष्ट्रपति पर निकालते हुए उन्हें तुर्की का बिल्डर इन चीफ़ कहती हैं. उन्होंने कहा कि मैंने हमेसा उन्हें वोट दिया है लेकिन उन्होंने ही हमें बर्बाद कर दिया है. अब वह राष्ट्रपति के प्रति घृणा महसूस करने लगी हैं. ऐसा ही हाल हर उस परिवार का है जो अपने घरों से सड़कों पर आ चुके हैं.